Aligarh News:मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह के लिए ऑनलाइन आवेदन शुरू, ऐसे करें अप्लाई – Starts Online Application For Chief Minister Mass Marriage

Aligarh News:मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह के लिए ऑनलाइन आवेदन शुरू, ऐसे करें अप्लाई – Starts Online Application For Chief Minister Mass Marriage

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starts online application for Chief Minister mass marriage

सामूहिक विवाह समारोह में बैठे जोड़े
– फोटो : अमर उजाला

विस्तार


मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में ऑनलाइन आवेदन शुरू हो गये हैं। इसमें सरकार एक जोड़े पर 51 हजार रूपये खर्च करती है। जिसमें कन्या के बैंक खाते में आर्थिक सहायता, उपहार व कार्यक्रम के इंतजाम का खर्चा शामिल होता है। 

अलीगढ़ की जिला समाज कल्याण अधिकारी संध्या रानी बघेल ने बताया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक वर्ग एवं सामान्य वर्ग के पात्र व्यक्तियों की पुत्रियों की शादी सामूहिक रूप से कराए जाने के लिए ऑनलाइन आवेदन हेतु पोर्टल शुरू किया गया है। बेवसाइट https://cmsvy.upsdc.gov.in पर आवेदन के उपरांत कन्या के बैंक खाते में 35 हजार रुपये की आर्थिक सहायता, 10 हजार रुपये के उपहार एवं छह हजार रुपये कार्यक्रम के आयोजन समेत कुल 51 हजार की धनराशि प्रत्येक जोड़े पर खर्च होगी। 

सामूहिक विवाह या निकाह का आवेदन आवेदिका द्वारा स्वयं किसी भी जनसुविधा केंद्र, साइबर कैफे, निजी इंटरनेट केंद्र पर ऑनलाइन किया जा सकता है। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में आवेदिका को अपना आवेदन विवाह की निर्धारित तिथि के न्यूनतम एक सप्ताह पूर्व तक किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि योजना में शर्त है कि कन्या के अभिभावक उत्तर प्रदेश के मूल निवासी हों। कन्या या कन्या के अभिभावक निराश्रित, निर्धन एवं जरूरतमंद हों। आवेदक के परिवार की वार्षिक आय अधिकतम दो लाख रुपये तक हो। 

आवेदन के समय पुत्री की आयु शादी की तिथि 18 वर्ष एवं वर की आयु 21 वर्ष पूर्ण होनी चाहिए। आयु की पुष्टि के लिए स्कूल के शैक्षिक प्रमाण पत्र, जन्म प्रमाण पत्र, मतदाता पहचान पत्र, मनरेगा जॉब कोर्ड, आधार कार्ड मान्य होंगे। अविवाहित कन्या के अतिरिक्त विधवा, परित्यक्तता, तलाकशुदा जिसकी कानूनी रूप से तलाक हो गया हो को पुर्नविवाह के लिए सामूहिक विवाह कार्यक्रम में आवेदन किया जा सकता है। 

अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के आवेदकों को जाति प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। उन्होंने बताया कि विवाह या निकाह के लिए निराश्रित कन्या, विधवा महिला की पुत्री, दिव्यांगजन अभिभावक की पुत्री, ऐसी कन्या जो स्वयं दिव्यांग हो को प्राथमिकता प्रदान की जायेगी। 

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anuragtimes.com

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